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Bihar Politics: तेजस्वी के राजभवन मार्च से पहले पटना में भीषण जाम, रूट डायवर्जन से बढ़ी परेशानी

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Alam Ki Khabar | Bihar News | Patna News | Samastipur News | तेजस्वी यादव के राजभवन मार्च से पहले पटना में ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित हुई है। इनकम टैक्स चौराहे समेत कई इलाकों में जाम और रूट डायवर्जन से लोगों की परेशानी बढ़ी।

पटना, 19 अगस्त। तेजस्वी यादव के नेतृत्व में प्रस्तावित राजभवन मार्च को लेकर पटना की सड़कों पर बुधवार सुबह से ही यातायात का दबाव बढ़ गया। मार्च के लिए किए गए रूट डायवर्जन और अलग-अलग स्थानों पर आरजेडी कार्यकर्ताओं के जुटने से कई प्रमुख मार्गों पर वाहनों की रफ्तार थम गई। इनकम टैक्स चौराहे पर वाहनों की लंबी कतार लगने से आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।

मार्च को देखते हुए यातायात पुलिस ने सुबह 9 बजे से कार्यक्रम समाप्त होने तक कई मार्गों के परिचालन में बदलाव किया है। मुख्य मार्गों से वाहनों को वैकल्पिक रास्तों की ओर भेजे जाने के बाद उन सड़कों पर अचानक ट्रैफिक का दबाव बढ़ गया, जिससे कई जगह जाम की स्थिति बन गई।

इनकम टैक्स चौराहा इस दौरान सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों में नजर आया। यहां वाहनों की लंबी कतार के कारण लोगों को कुछ दूरी तय करने में भी सामान्य से काफी अधिक समय लगा। कई वाहन चालक जाम से बचने के लिए दूसरे रास्तों का इस्तेमाल करते दिखाई दिए।

मार्च और डायवर्जन ने बढ़ाया ट्रैफिक दबाव

राजभवन मार्च के लिए आरजेडी कार्यकर्ता सुबह से ही शहर के अलग-अलग हिस्सों से निर्धारित स्थानों की ओर पहुंचने लगे। हाथों में तिरंगा और पार्टी के झंडे लेकर कार्यकर्ताओं की भीड़ बढ़ने के साथ कुछ मार्गों पर पैदल आवाजाही भी बढ़ी।

दूसरी तरफ, यातायात पुलिस की ओर से लागू किए गए डायवर्जन के कारण सामान्य मार्गों से गुजरने वाले वाहनों को वैकल्पिक रास्तों पर भेजा गया। इससे उन मार्गों पर वाहनों की संख्या अचानक बढ़ गई और यातायात की गति प्रभावित हुई।

सुबह का समय होने के कारण बड़ी संख्या में लोग कार्यालय, कारोबार और दूसरे जरूरी कामों के लिए घर से निकले थे। इसी दौरान रूट में बदलाव होने से आम वाहन चालकों को अतिरिक्त परेशानी झेलनी पड़ी।

पटना जंक्शन से डाकबंगला जाने वाले वाहनों पर रोक

ट्रैफिक प्लान के तहत पटना जंक्शन की ओर से डाकबंगला चौराहा की तरफ जाने वाले वाहनों के परिचालन पर रोक लगाई गई है। इन वाहनों को वैकल्पिक मार्गों की ओर भेजा जा रहा है।

इसी तरह इनकम टैक्स चौराहा से मंदिरी नाला की तरफ जाने वाले रास्ते पर भी यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। इस रूट का इस्तेमाल करने वाले वाहन चालकों को दूसरे रास्तों से अपनी मंजिल तक पहुंचना पड़ रहा है।

गांधी मैदान के आसपास ऑटो और ई-रिक्शा पर प्रतिबंध

मार्च के दौरान गांधी मैदान के आसपास व्यावसायिक वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित किया गया है। ऑटो और ई-रिक्शा के परिचालन पर प्रतिबंध लगाया गया है।

दानापुर की तरफ से राजापुर पुल की ओर आने वाले ऑटो और ई-रिक्शा को पुलिस लाइन तिराहा से वापस दानापुर की ओर मोड़ने की व्यवस्था की गई है। वहीं गायघाट की ओर से आने वाले ऑटो को कारगिल चौक के पास से वापस भेजा जा रहा है।

इस व्यवस्था का उद्देश्य मार्च के रास्ते में भीड़ और वाहनों के दबाव को कम करना है, लेकिन वैकल्पिक रास्तों पर इसका असर भी दिखाई दे रहा है।

कई प्रमुख सड़कों पर परिचालन प्रभावित

यातायात व्यवस्था के तहत एग्जीबिशन रोड में भट्टाचार्य चौराहा से उत्तर दिशा की ओर, बुद्धमार्ग और छज्जूबाग के टीएन बनर्जी पथ, पुलिस लाइन से बैंक रोड तथा बुद्ध मार्ग पुलिस लाइन तिराहा से कोतवाली टी तक ऑटो और ई-रिक्शा के परिचालन को नियंत्रित किया गया है।

ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे मार्च के दौरान इन रास्तों पर अनावश्यक यात्रा से बचें और जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें।

डीएम-एसएसपी ने संभाली व्यवस्था

मार्च के मद्देनजर प्रशासनिक अधिकारी भी लगातार शहर की स्थिति पर नजर रख रहे हैं। इनकम टैक्स चौराहे पर पटना के जिलाधिकारी कुंदन कुमार ने पटना सदर एसडीएम कृतिका मिश्रा को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

डीएम और एसएसपी ने शहर के अलग-अलग इलाकों का निरीक्षण कर सुरक्षा तथा यातायात व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों की कोशिश है कि मार्च के दौरान कानून-व्यवस्था के साथ-साथ आम लोगों के आवागमन को भी यथासंभव सुचारु रखा जाए।

करीब 1000 पुलिसकर्मी तैनात

तेजस्वी यादव के राजभवन मार्च को देखते हुए पटना में सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत की गई है। जेपी गोलंबर से सचिवालय तक करीब 1000 पुलिस पदाधिकारियों और जवानों की तैनाती की गई है।

संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त बल के साथ वाटर कैनन और टियर गैस टीम को भी तैयार रखा गया है। शहर के सभी संबंधित थानों को अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया गया है।

नेहरू पथ, हार्डिंग रोड और बोरिंग कैनाल रोड समेत प्रमुख मार्गों पर भी पुलिस की तैनाती की गई है। प्रशासन की नजर प्रदर्शनकारियों की भीड़, वाहनों की आवाजाही और किसी भी संभावित कानून-व्यवस्था की स्थिति पर बनी हुई है।

कार्यक्रम खत्म होने तक लागू रहेगा ट्रैफिक प्लान

यातायात पुलिस के मुताबिक रूट डायवर्जन और अन्य प्रतिबंध सुबह 9 बजे से मार्च और कार्यक्रम के समाप्त होने तक लागू रहेंगे। लोगों से अपील की गई है कि वे अनावश्यक रूप से प्रभावित मार्गों पर जाने से बचें।

फिलहाल इनकम टैक्स चौराहा समेत कई इलाकों में जाम का असर दिखाई दे रहा है। राजभवन मार्च के दौरान जैसे-जैसे कार्यकर्ताओं की भीड़ बढ़ेगी, वैसे-वैसे यातायात व्यवस्था पर दबाव बढ़ने की संभावना है।

पटना पुलिस के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती प्रदर्शन को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के साथ शहर की यातायात व्यवस्था को नियंत्रित रखना है। आम लोगों को भी सलाह दी गई है कि वे पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करें और निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें।

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पटना की सड़कों पर राजनीति का असर

तेजस्वी यादव के राजभवन मार्च के कारण पटना में यातायात व्यवस्था प्रभावित होना यह दिखाता है कि बड़े राजनीतिक आयोजनों का असर आम नागरिकों की रोजमर्रा की आवाजाही पर भी पड़ता है। प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात को नियंत्रित करने के लिए पहले से रूट डायवर्जन लागू किया है, लेकिन वैकल्पिक मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ना स्वाभाविक है।

पटना जैसे व्यस्त शहर में किसी बड़े मार्च के दौरान प्रशासन के सामने दोहरी चुनौती रहती है। एक तरफ प्रदर्शनकारियों को शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने का अवसर देना जरूरी है, तो दूसरी तरफ आम लोगों के आवागमन को पूरी तरह बाधित होने से रोकना भी उतना ही महत्वपूर्ण है।

ऐसे आयोजनों में ट्रैफिक प्लान की जानकारी समय पर और स्पष्ट रूप से लोगों तक पहुंचना बेहद जरूरी है। इससे लोग पहले से अपना रास्ता तय कर सकते हैं और अनावश्यक जाम से बच सकते हैं।

आज के हालात में प्रशासन को लगातार ट्रैफिक की निगरानी करते हुए जरूरत के अनुसार डायवर्जन में बदलाव करना चाहिए। वहीं वाहन चालकों को भी प्रभावित मार्गों से बचकर चलना चाहिए। राजनीतिक विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन उसके साथ आम नागरिकों की सुविधा और सुरक्षा का संतुलन बनाए रखना भी प्रशासन और आयोजकों दोनों की जिम्मेदारी है।

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